बलौदाबाजार। सत्य लाईव। बलौदाबाजार जिले में एक युवक खुद को पुलिस का सब-इंस्पेक्टर बताकर ग्रामीणों को डरा-धमका कर पैसे वसूल रहा था। ग्रामीणों की शिकायत पर पुलिस ने जाल बिछाया और नकली वर्दी पहने आरोपी को रंगे हाथों पकड़ लिया।
बलौदाबाजार जिले में हुई यह घटना काफी दिलचस्प है, जहाँ एक ठग ने वर्दी का रौब दिखाकर लोगों को लूटने की कोशिश की। इस खबर की पूरी जानकारी नीचे विस्तार से दी गई है:
- ठगी का तरीका (Modus Operandi)
आरोपी युवक काफी समय से बलौदाबाजार के ग्रामीण इलाकों में सक्रिय था। उसने पुलिस की सब-इंस्पेक्टर (SI) वाली वर्दी सिलवा रखी थी और अपनी बाइक पर भी ‘पुलिस’ लिखवा लिया था। वह अक्सर शाम के वक्त गाँवों के बाहर चेक-पॉइंट लगाकर बैठ जाता था और आने-जाने वाले ग्रामीणों को डरा-धमकाकर, कागजात की कमी या हेलमेट न होने के नाम पर पैसे वसूलता था। - कैसे खुला राज?
ग्रामीणों को शक तब हुआ जब आरोपी युवक छोटी-छोटी बातों पर बहुत ज़्यादा पैसों की मांग करने लगा और उसकी बात करने की शैली असली पुलिसकर्मियों जैसी नहीं थी। कुछ जागरूक ग्रामीणों ने स्थानीय थाने में इसकी सूचना दी। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सादे कपड़ों में एक टीम भेजी। - रंगे हाथों गिरफ्तारी
जब पुलिस की टीम मौके पर पहुँची, तो आरोपी एक बुजुर्ग किसान से पैसे ऐंठ रहा था। जब असली पुलिस ने उससे उसकी पोस्टिंग और बैच नंबर पूछा, तो वह घबराने लगा और कोई जवाब नहीं दे पाया। पुलिस ने उसे तुरंत हिरासत में ले लिया। उसके पास से नकली पुलिस आईडी, फर्जी रसीद कट्टा और पुलिस की वर्दी जब्त की गई है। - कानूनी कार्रवाई
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ सरकारी कर्मचारी का फर्जी रूप धारण करने (धारा 170 IPC) और धोखाधड़ी की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस अब यह पता लगा रही है कि उसने अब तक कितने लोगों को अपना शिकार बनाया है और क्या इस काम में उसका कोई और साथी भी शामिल था।
“सत्य Live की अपील—किसी भी पुलिसकर्मी पर शक होने पर उनका आईडी कार्ड जरूर मांगें और तुरंत नजदीकी थाने को सूचित करें।”
